
बीडी कल्ला बोले- बुजुर्ग कह रहे हैं हम कोरोना से मर जाएं तो कोई बात नहीं, हमारे बेटे-पोतों को पहले टीका लगाओ
जयपुर गहलोत सरकार के जलदाय और ऊर्जा मंत्री डॉ. बीडी कल्ला के कोरोना वैक्सीनेशन से जुड़े बयान पर विवाद हो गया है। कल्ला ने जिस अंदाज में बुजुर्गों को पहले टीका लगाने पर टिप्पणी की उस पर भाजपा ने कड़ी आपत्ति की है। बीडी कल्ला ने कहा है- केंद्र सरकार की टीकाकरण की नीति गलत हे। टीका सबसे पहले बच्चों की जगह बूढ़ों को लगाया जा रहा है, जबकि बूढ़े कह रहे हैं कि हम कोरोना से मर जाएं तो कोई बात नहीं लेकिन टीका हमारे पाते, बेटे को लगाइए, इनकी जिंदगी बचनी जरूरी है। ये उल्टा चल रहे हैं।
बीडी कल्ला ने कहा- टीका सबसे पहले किसे लगाया जाता है? बच्चों को लगाया जाता है। बच्चे अभी तक बचे हुए हैं। इन्होंने सबसे पहले बूढ़ों को टीका लगाया है। बूढे लोगों को मैंने खुद कहते सुना है कि मैं 80 साल का हो गया, 85 साल का हो गया हमारा क्या है, मेरे पोते को लगाओ, बेटे को लगाओ। इनकी जिंदगी बचानी जरूरी है, मैं मर जाऊंगा तो कोई बात नहीं है कोरोना से भावी पीढ़ी को बचाओ।
केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह का ट्वीट जोकर पॉलिटिक्स पर उतार आई है कांग्रेस
बुजुर्गों को पहले कोरोना टीका लगाने का विरोध करने के बीडी कल्ला के बयान पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। गजेंद्र सिंह ने ट्वीट कर कल्ला पर निशाना साधा। गजेंद्र सिंह ने लिखा- वैक्सीन की खरीद से लेकर बर्बादी तक, लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ करने वाली हर तरह की राजनीति करने के बाद इनका अगला कदम बच्चे, बूढ़े और जवान में किसको लगनी चाहिए और किसको नहीं पर टिक गया है।
माना कि कांग्रेस का मानसिक और राजनीतिक संतुलन बिगड़ा हुआ है, पर इतना ज्यादा बिगड़ा हुआ है। सबको पता है कांग्रेस की वैक्सीन पॉलिटिक्स। इस स्तर पर होगी, जिसमें हंसी छूट जाए, किसी ने नहीं सोचा था। अब ये लोग पॉलिटिक्स से “क्लाउन पॉलिटिक्स” पर उतर आए हैं।


