
3 साल पहले पैरोल पर गया बंदी वापस नहीं लाैटा,जेल प्रशासन भी भूला

बीकानेर :- वैसे तो जेल में सुबह से शाम बंदियों की हाजिरी होती है लेकिन एक बंदी ऐसा भी है, जो तीन साल पहले पैरोल पर गया और वापस नहीं लाैटा। मजे की बात है कि जेल प्रशासन भी इस बंदी को भूल गया। न तो संबंधित थाने में फरारी की एफआईआर दर्ज कराई और न अपने स्तर पर छानबीन की। पिछले दिनों रिकार्ड खंगाला तो यह बंदी फरार मिला। अब तीन साल बाद बीछवाल थाने में बंदी के साथ उसके दो जमानतियों के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है।
बीछवाल थाना प्रभारी मनोज शर्मा ने बताया कि गंगानगर की भांभू कॉलोनी में रहने वाला शिवलाल उर्फ शिवला उर्फ शिवा नायक बीकानेर की जेल में बंद था। उसे फरवरी-मार्च 2018 में पैरोल मिली थी। उसे 6 मार्च 2018 को पैरोल से वापस जेल में लौटना था। जेल के रिकार्ड के मुताबिक वो वापस लौटा ही नहीं। आमतौर पर बंदी के वापस नहीं लौटने पर पैरोल खत्म होने के अगले ही दिन उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी जाती है। इस मामले में तीन साल बाद गुरुवार शाम जेल के एक प्रहरी कमल किशोर स्वामी ने मामला दर्ज कराया है। अब तो शिवलाल की तब जमानत देने वालों के खिलाफ भी मामला दर्ज कराया गया है। जिसमें एक बीकानेर के पलाना का मोहनलाल मेघवाल है जबकि दूसरा हनुमानगढ़ के रावतसर निवासी चैनाराम है।
ये लापरवाही है या साजिश
सवाल ये खड़ा हो रहा है कि एक बंदी तीन साल से जेल में नहीं है और उसकी कोई एफआईआर दर्ज नहीं करवाई गई। जेल प्रशासन ने पुलिस को कहा है कि उन्होंने तीन साल पहले इस संबंध में परिवाद थाने में दिया था। दूसरा सवाल ये है कि अगर तीन साल पहले परिवाद दिया था तो उसकी एफआईआर के बारे में पता क्यों नहीं किया। बंदी के सालों तक वापस नहीं लौटने पर भी कोई रिपोर्ट नहीं ली गई। हालांकि बीछवाल थाना प्रभारी मनोज शर्मा का कहना है कि यह संभव ही नहीं है कि जेल से फरार बंदी का परिवाद मिला हो और एफआईआर दर्ज नहीं हुई हो।
रिकार्ड खंगाला तो पता चला
बीकानेर जेल अधीक्षक परमजीत सिंह सिद्धू ने बताया कि पिछले दिनों हाईकोर्ट की फाइलें देखते हुए इस बंदी का नाम सामने आया था। तब पता चला कि शिवलाल जेल में नहीं है। रिकार्ड में ये भी पता चला कि उसकी पैराेल हुई थी, लेकिन वापस नहीं आया। इस पर बीछवाल थाने में तब परिवाद दिया गया था। एफआईआर दर्ज नहीं हुई। हालांकि अब पुलिस इंनकार कर रही है कि कोई परिवाद आया था। उसके खिलाफ स्थायी वारंट है, जल्द ही गिरफ्तार होगा।