बीमा कंपनी को राज्य आयोग ने ठहराया दोषी, मोटरसाइकिल उपभोक्ता को 55 हजार रुपये भुगतान करने का दिया आदेश
bhawani acharya
बीकानेर,20 जनवरी।
राज्य उपभोक्ता आयोग ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में जिला उपभोक्ता न्यायालय चूरू द्वारा जारी फैसले को अपास्त कर इंश्योरेंस कंपनी को दोषी मानते हुए उपभोक्ता को 55 हजार रुपये भुगतान करने के आदेश दिए हैं।
मामले के अनुसारउपभोक्ता विनोद कुमार ने श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी के विरुद्ध खोई हुई मोटरसाइकिल का क्लेम नहीं देने को लेकर एक प्रकरण जिला उपभोक्ता न्यायालय चूरू में में पेश किया था।
उपभोक्ता न्यायालय चूरू ने इन्श्योरेंस कम्पनी को विलम्ब से सूचना देने एवम एफआईआर विलम्ब से दर्ज करवाने को आधार मानते हुए दावे को अस्वीकार करते हुए विनोद कुमार को कोई अनुतोष नहीं दिलवाया और 19 नवम्बर 2014 को निर्णय पारित कर इंश्योरेंस कंपनी को दोषी नहीं माना।
जिला फोरम के निर्णय से व्यथित हो कर उपभोक्ता विनोद कुमार ने अधिवक्ता रतन सिंह राठौड़ के जरिये राज्य आयोग सर्किट बेंच बीकानेर में अपील प्रस्तुत की।राज्य आयोग ने उपभोक्ता द्वारा बीमा कम्पनी एवम पुलिस स्टेशन को दी गई सूचना को समयावधि में माना और इस तथ्य को खारिज कर दिया कि उपभोक्ता ने सूचना देने में कोई विलम्ब किया है।
अधिवक्ता रतन सिंह राठौड़ ने जरिये वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग न्यायालय को अपनी दलीलों से साबित किया कि मोटरसाइकिल क्लेम देने में श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी नियमविरुद्ध आनाकानी कर रही है।
आयोग के अध्यक्ष कमल कुमार बागड़ी एवम सदस्य शोभा सिंह ने उपभोक्ता को सही मानते हुए जिला फोरम चूरू के निर्णय को अपास्त करते हुए बीमित मोटरसाइकिल की राशि 40 हजार 807 रुपये तथा परिवाद दायर करने की तारीख 22 अक्टूबर 2012 से 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज एवम 10 हजार रुपये मानसिक संताप तथा 5 हजार रुपये परिवाद व्यय के रूप में देने के आदेश दिए हैं।सभी राशि पर 22 अक्टूबर 2012 से 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज देय होगा।आदेश की पालना 2 माह में करने के आदेश दिए गए हैं।अपीलार्थी की ओर से एडवोकेट रतन सिंह राठौड़ एवम प्रत्यर्थी की ओर से एडवोकेट अशोक व्यास ने पैरवी की।