आज के समय में धर्म परिवर्तन की खबरें आना आम हो गया है। कुछ लोग प्रेम प्रसंग में पढ़कर धर्म परिवर्तन कर लेते हैं, तो कुछ लोगों का अलग तरीके से धर्म परिवर्तन करवाया जाता है। आज आपको ऐसा मामला बताने जा रहे हैं जिसमे एक संगठन ने दो प्रेमियों का उनके माता पिता की अनुमति से विवाह करवाया है। मुख्य बात यह है की दोनों प्रेमियों का धर्म अलग है। इस कारण यह खबर चर्चा का विषय बनी हुई है।
क्या है पूरा मामला
धर्म परिवर्तन से सम्बंधित विवाह कराने का एक मामला सामने आया है, जो उत्तर प्रदेश के बागपत का है। बागपत में एक मु स्लिम युवती का धर्म परिवर्तन कराकर उसकी शादी हिं दू लड़के करवाई गई है। हिं दू युवा वाहिनी संगठन के कार्यकर्ताओं ने ईंट के भट्टे पर काम करने वाली युवती का उसका प्रेमी से पूरे हिंदू रीति रिवाज से शादी कराई। इस दौरान काफी लोग भी मौजूद रहे।
आगे आया संगठन, प्रेमियों का करवाया विवाह
जानकारी के मुताबिक दोनों प्रेमियों में पिछले कुछ समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था, लेकिन धर्म का बंधन दोनों के विवाह के आडे आ रहा था। जब हिं दू युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने मामले का संज्ञान लेते हुए युवक तथा युवती से बात की और फिर युवती का धर्म परिवर्तन कर युवक से शादी रचाई। नवविवाहित जोड़ा अपनी शादी से बहुत प्रसन्न है ।
यूपी में लागू है लव जि हाद कानून
दोनों प्रेमी शामली जिले के रहने वाले हैं और दोनों के ही परिजनों को इस विवाह से किसी तरह की आ पत्ति नहीं है। जनकारी के मुताबिक यूपी में एक ऐसा कानून लागू है जहां कोई व्यक्ति धर्म परिवर्तन करना चाहता है, तो उसे जिला मजिस्ट्रेट की अदालत में दो महीने पहले आवेदन करना होता है जबकि स्पेशल मैरिज एक्ट-1954 में यह अवधि केवल एक महीने है।
कानून के उलंघन पर सजा का है प्रावधान
जबर दस्ती धर्म परिवर्तन कराने वाले को अलग-अलग श्रेणी में एक साल से 10 साल तक की स जा का प्रावधान है। इतना ही नहीं आ रोपी को पांच लाख रुपये तक का जु र्माना पी ड़ित पक्ष को भरना होगा। कुछ महीने पहले एक टीवी चैनल को दिए इंटरव्यू में योगी ने लव जि हाद कानून कानून का समर्थन करते हुए कहा कि यह कानून सबके लिए बराबर है और जो गलत करेगा उसे दं डित किया जाएगा।
