Jaipur : हाल ही जम्मू स्थित वायुसेना के एयरबेस पर ड्रोन से हमले के बाद अब जयपुर एयरपोर्ट समेत प्रदेशभर के एयरपोर्ट पर सख्ती शुरू कर दी है. अब यहां एयरपोर्ट से 50 किलोमीटर की परिधि तक ड्रोन नहीं उड़ा सकेंगे. इसके लिए स्वीकृति लेनी होगी. साफतौर पर हमले के बाद ड्रोन उड़ाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है. इसको लेकर जयपुर एयरपोर्ट को निदेशक जेएस बलहारा की मौजूदगी में एयरपोर्ट अधिकारियों, सुरक्षा एजेंसियों के बीच समीक्षा बैठक भी हुई. बलहारा ने बताया कि यूएएस नियम मार्च 2021 के अनुसार रोक लगाई गई है.
मार्च 2021 में ही गजट नोटिफिकेशन जारी किया जा चुका था. अब घटना के बाद ड्रोन (Drone) उड़ाने पर सख्ती की गई है. यह नियम देशभर में लागू होगा. एयरपोर्ट से लगभग 50 किलोमीटर के कंट्रोल एयरस्पेस (control airspace) में उड़ान भरने वाले रिमोट पायलट एयरक्राफ्ट सिस्टम (ड्रोन) को गजट नोटिफिकेशन के मुताबिक प्रतिबंधित किया है.
इंटेलिजेंस विभाग के अनुसार पाकिस्तान बॉर्डर से सटे राजस्थान के जिलों में हमले की संभावना जताई जा रही है. पाकिस्तान बॉर्डर से सटे राजस्थान के जिले जैसे बीकानेर, बाड़मेर, गंगानगर और जैसलमेर जिले के एयरपोर्ट एयरबेस क्षेत्र में के 50 किलोमीटर दूरी तक ड्रोन उड़ाने पर पाबंदी रहेगी और सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता और निगरानी गहनता से की जाएगी.
लोगों को डीजीसीए, डीजीएफटी, एटीसी, बीसीएएस, गृह मंत्रालय, रक्षा मंत्रालय, भारतीय वायुसेना, संचार मंत्रालय, एएआई मुख्यालय या फिर स्थानीय पुलिस प्रशासन से अनुमति लेनी होगी. बिना अनुमति लिए ड्रोन उड़ाए जाने पर पर आईपीसी की धाराओं के तहत कार्रवाई होगी. स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा गार्डन संचालकों के साथ बैठक आयोजित कर ड्रोन न उड़ाने जैसी गतिविधियों के लिए हिदायत और नोटिस भी दिए जाएंगे.
एयरपोर्ट पर तैनात सुरक्षा एजेसियों को गश्त के दौरान पूरी सतर्कता के साथ रात में भी निगरानी रखें. एयरपोर्ट प्रबंधन के उच्चाधिकारियों ने बताया कि राजस्थान इंटीलिजेंस विभाग सहित अन्य सुरक्षा अधिकारियों से भी चर्चा हुई है. एयरपोर्ट के तीन किलोमीटर परिधि में किसी भी प्रकार से ड्रोन उड़ाने की स्वीकृति नहीं मिलेगी. उड़ाते हुए पाए जाने पर संचालक के खिलाफ कार्रवाई होगी. स्वीकृति की बात करे तो, अब एयरपोर्ट से 3 से 50 किमी की दूरी की ही मिल सकेगी.
